Heritage Kashmir · उत्तर भारत
असली शिलाजीत — शुद्ध हिमालयन रेज़िन
बाज़ार में मिलने वाला ज़्यादातर शिलाजीत नकली है। पहले पहचानना सीखिए, फिर ख़रीदिए — चाहे हमसे या किसी और से।
- शुद्ध रेज़िन
- FSSAI लाइसेंस प्राप्त
- 20 ग्राम पैक
- प्रीपेड · पूरे भारत में

शिलाजीत की कीमत और कितना चलता है
असली शुद्ध शिलाजीत रेज़िन सस्ता नहीं होता। शुद्धिकरण की प्रक्रिया लंबी है और कच्चा माल ऊँचे पहाड़ों से आता है, इसलिए बहुत कम दाम वाला शिलाजीत लगभग हमेशा मिलावटी होता है।
एक 20 ग्राम का डिब्बा रोज़ाना इस्तेमाल पर लगभग दो से तीन महीने चलता है, क्योंकि एक बार में सिर्फ़ चावल के दाने जितना ही लेना होता है।
बहुत सस्ते कैप्सूल से सावधान रहें — उनमें अक्सर असली रेज़िन बहुत कम होता है, और बाक़ी भरावन होता है।
असली शिलाजीत कैसे पहचानें
यह सबसे ज़्यादा पूछा जाने वाला सवाल है, और सही भी है — नकली शिलाजीत में अक्सर गुड़, मोम या रंगा हुआ पेस्ट होता है। घर पर ये जाँच कर सकते हैं:
- गर्म पानी में डालिए — असली शिलाजीत पूरी तरह घुल जाता है और सुनहरा-भूरा घोल बनता है, नीचे कोई रेत या कचरा नहीं बचता।
- हाथ की गर्मी से नरम पड़ता है और चिपकने लगता है। ठंडा होने पर फिर सख़्त हो जाता है।
- स्वाद तेज़ कड़वा और मिट्टी जैसा होता है। अगर मीठा लगे तो वह गुड़ है, शिलाजीत नहीं।
- नकली माल या तो सख़्त ही रहता है, या पानी में गंदला घोल बनाता है जिसमें कण तैरते हैं।
शिलाजीत के फायदे — परंपरा क्या कहती है
आयुर्वेद में शिलाजीत का इस्तेमाल सैकड़ों साल से होता आया है, मुख्य रूप से ताक़त और सहनशक्ति के लिए। इसमें फुल्विक एसिड और कई खनिज होते हैं।
साफ़ बात: यह खाने की चीज़ है, दवा नहीं। हम किसी बीमारी के इलाज़ का दावा नहीं करते। नीचे वही लिखा है जिसके लिए इसे परंपरागत रूप से लिया जाता रहा है — कोई चमत्कारी वादा नहीं।
- शारीरिक ऊर्जा और दिनभर की थकान कम महसूस होना।
- आयुर्वेद में इसे रसायन माना गया है, यानी शरीर को पुष्ट रखने वाला।
- फुल्विक एसिड, जो एक प्राकृतिक एंटीऑक्सिडेंट है।
- सर्दियों में गुनगुने दूध के साथ लेने की पुरानी परंपरा।
शिलाजीत कब और कैसे खाएँ
मात्रा कम रखें — चावल के दाने जितना, यानी लगभग 300 से 500 मिलीग्राम, दिन में एक बार। इससे ज़्यादा लेने का कोई फ़ायदा नहीं।
- एक छोटा टुकड़ा गुनगुने दूध या पानी में पूरी तरह घोल लीजिए।
- सुबह खाली पेट, या रात को सोने से पहले — दोनों परंपरागत तरीके हैं।
- गर्म नहीं, गुनगुना — बहुत गर्म पानी से गुण कम हो जाते हैं।
- लगातार लेने के बजाय बीच-बीच में कुछ दिन का अंतराल रखना बेहतर माना जाता है।
किन्हें नहीं लेना चाहिए
गर्भवती और स्तनपान कराने वाली महिलाएँ, 18 साल से कम उम्र के बच्चे, और जिन्हें किडनी की पथरी या यूरिक एसिड की समस्या रही हो — इन्हें बिना डॉक्टर से पूछे नहीं लेना चाहिए।
अगर आप कोई नियमित दवा ले रहे हैं, तो पहले अपने डॉक्टर से बात कर लें।
FAQ
- असली शिलाजीत की पहचान क्या है?
- असली शुद्ध रेज़िन चमकदार काला-भूरा होता है, हाथ की गर्मी से नरम पड़ जाता है, और गुनगुने पानी में पूरी तरह घुलकर सुनहरा-भूरा घोल बनाता है जिसमें कोई कण नहीं बचते। स्वाद तेज़ कड़वा और मिट्टी जैसा होता है। अगर स्वाद मीठा है, या पानी में गंदला घोल बनता है, तो वह नकली है।
- शिलाजीत कब खाना चाहिए — सुबह या रात?
- दोनों परंपरागत तरीके हैं। सुबह खाली पेट गुनगुने पानी या हल्के दूध के साथ लेने से दिनभर ऊर्जा बनी रहती है। रात को गुनगुने दूध के साथ लेना भी आम है। मुख्य बात मात्रा है — चावल के दाने जितना, दिन में एक बार।
- शिलाजीत की सही मात्रा कितनी है?
- लगभग 300 से 500 मिलीग्राम, यानी चावल के दाने के बराबर, दिन में एक बार। इससे ज़्यादा लेने से फ़ायदा नहीं बढ़ता। पहली बार ले रहे हैं तो और कम से शुरू करें।
- क्या शिलाजीत रोज़ खा सकते हैं?
- परंपरागत रूप से इसे कुछ हफ़्तों तक लेकर बीच में अंतराल देने का चलन है, लगातार सालभर लेने का नहीं। अगर आप कोई दवा ले रहे हैं या कोई पुरानी बीमारी है, तो पहले डॉक्टर से पूछ लें।
- 20 ग्राम शिलाजीत कितने दिन चलता है?
- रोज़ाना 300–500 मिलीग्राम लेने पर 20 ग्राम का डिब्बा लगभग दो से तीन महीने चलता है।
- रेज़िन बेहतर है या कैप्सूल?
- शुद्ध रेज़िन को आम तौर पर बेहतर माना जाता है क्योंकि आप उसे देख और परख सकते हैं — घुलनशीलता, रंग, स्वाद सब जाँचे जा सकते हैं। कैप्सूल में यह पता नहीं चलता कि अंदर कितना असली शिलाजीत है और कितना भरावन।
- क्या महिलाएँ शिलाजीत ले सकती हैं?
- हाँ, परंपरागत रूप से पुरुष और महिलाएँ दोनों लेते रहे हैं। लेकिन गर्भावस्था और स्तनपान के दौरान नहीं लेना चाहिए, जब तक डॉक्टर न कहे।
- डिलीवरी में कितना समय लगता है?
- हम पूरे भारत में DTDC से प्रीपेड भेजते हैं। आमतौर पर 24–48 घंटे में डिस्पैच और 3–7 कार्यदिवस में डिलीवरी। ट्रैकिंग लिंक ईमेल और WhatsApp दोनों पर मिलता है।
यह एक खाद्य पदार्थ है, दवा नहीं। किसी बीमारी के इलाज़ का दावा हम नहीं करते।
Pampore Saffron FPO, J&K · FSSAI 11022470000019